Hey Gauri Sut Mangal Murti - Madhusmita Hinglish Full Bhajan Lyrics

हर शुभ कार्य की शुरुआत गणेश वंदना से होती है — और Madhusmita की उस मखमली, भावपूर्ण आवाज़ में जब "हे गौरी सुत मंगल मूर्ति" गूंजता है, तो मन अपने आप श्रद्धा से झुक जाता है। Mohit Bajpai के लिखे और Babul Bose के संगीत में सजा यह गणेश भजन T-Series पर उपलब्ध है — और यह भजन गणेश जी के उस मंगलमय, विघ्नहर्ता स्वरूप का सुंदर वर्णन करता है। चाहे बुधवार की पूजा हो, Ganesh Chaturthi हो, या कोई नई शुरुआत — यह भजन हर मौके पर मन को शांति और शक्ति देता है।
🙏 गणपति बप्पा मोरया! मंगल मूर्ति मोरया! 🐘
🎵 SONG DETAILS

Singer — Madhusmita
Lyrics — Mohit Bajpai
Music — Babul Bose
Album — Hey Gauri Sut Mangal Murti
Label — T-Series
Released — 2025

हे गौरी सुत मंगल मूर्ति — Lyrics in Hindi

॥ मुखड़ा ॥

हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना
हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना
जहाँ अकेली हो जाऊँ, जहाँ अकेली हो जाऊँ
मेरी उँगली थाम के चलना
हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना
Hey Gauri Sut Mangal Murti Lyrics - Madhusmita T-Series Ganesh Bhajan 2025
॥ अंतरा १ ॥

जब जब घिरती दुविधाओं में
याद है आती छवि सिंदूरी
तुम ना होते जो सिद्धिविनायक
हर आशा रह जाती अधूरी

शीश मुकुट गले मोतियाँ माला
तारों से आगे करती उजाला

हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना
हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना

॥ अंतरा २ ॥

समय का सूरज आँख दिखाए
दुनिया धूप है, तुम हो छाया
दर से तुम्हारे खाली न लौटा
सच्चे मन से जो भी आया

हर भटके को दिया सहारा
हर डूबे को तुमने उबारा

हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना
हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना

॥ समापन ॥

जहाँ अकेली हो जाऊँ, जहाँ अकेली हो जाऊँ
मेरी उँगली थाम के चलना
हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना

Hey Gauri Sut Mangal Murat — Lyrics in English (Roman)

॥ Mukhda ॥

Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna
Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna
Jahan akeli ho jaaun, jahan akeli ho jaaun
Meri ungli thaam ke chalna
Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna

॥ Antara 1 ॥

Jab jab ghirti duvidhao mein
Yaad hai aati chhavi sinduri
Tum na hote jo Siddhivinayak
Har asha reh jaati adhuri

Shish mukut gale motiyan mala
Taaron se aage karti ujjala

Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna
Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna

॥ Antara 2 ॥

Samay ka suraj aankh dikhaye
Duniya dhoop hai, tum ho chhaya
Dar se tumhare khaali na lauta
Sacche mann se jo bhi aaya

Har bhatke ko diya sahara
Har doobe ko tumne ubaara

Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna
Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna

॥ Samapan ॥

Jahan akeli ho jaaun, jahan akeli ho jaaun
Meri ungli thaam ke chalna
Hey Gauri Sut Mangal Murat, kripa banaye rakhna

भजन का अर्थ – Hey Gauri Sut Mangal Murti Meaning

"हे गौरी सुत मंगल मूरत, कृपा बनाए रखना" — Mohit Bajpai की यह पंक्ति बड़ी सरल पर बड़ी गहरी है। भक्त गणेश जी से बस एक ही प्रार्थना करता है — हे माँ पार्वती के लाल, बस कृपा बनाए रखना। कोई बड़ी मांग नहीं, बस आपका साथ चाहिए। "गौरी सुत" यानी माता पार्वती के पुत्र — उनके जन्म की उस पावन कथा का स्मरण जब माता ने उन्हें चंदन से बनाया था।

"जहाँ अकेली हो जाऊँ, मेरी उँगली थाम के चलना" — यह पंक्ति सबसे सुंदर और सबसे भावपूर्ण है। जैसे एक छोटा बच्चा अपने पिता की उँगली थामकर चलता है — वैसे ही भक्त गणेश जी से कह रहा है। अकेलेपन में बप्पा ही एकमात्र सहारा हैं।

"जब जब घिरती दुविधाओं में, याद है आती छवि सिंदूरी" — जब भी जीवन में उलझन हो, मन में सबसे पहले गणेश जी की सिंदूरी छवि उभरती है। सिंदूरी रंग गणेश जी का प्रतीक रंग है — शुभता और मंगल का।

"समय का सूरज आँख दिखाए, दुनिया धूप है तुम हो छाया" — संसार में कठिनाइयाँ हैं — पर गणेश जी उस छाया की तरह हैं जो धूप में राहत देती है। उनके दर से कोई खाली नहीं लौटा।

Hey Gauri Sut Mangal Murti - HD Video | Madhusmita


Hey Gauri Sut Mangal Murti — HD Video | Kumar Vishnu

निष्कर्ष

Madhusmita की आवाज़ में "हे गौरी सुत मंगल मूर्ति" सुनते ही मन में बप्पा की वो प्यारी छवि उभर आती है — बड़ी सूंड, मोदक, मूसे की सवारी — और चेहरे पर वो आशीर्वाद भरी मुस्कान जो हर भक्त के दिल को छू लेती है। इस भजन को आज अपने परिवार और गणेश भक्त मित्रों के साथ ज़रूर share करें। 🙏 गणपति बप्पा मोरया! मंगल मूर्ति मोरया! 🐘

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