सीताराम गाइये Lyrics – Suneel Lodhi, Pankaj VRK | Sitaram Gaiye Ram Bhajan 2026

ज़िंदगी में जब हर तरफ अंधेरा हो, मन भारी हो, अपने ही दूर हो जाएं — तब एक ही सहारा है, एक ही नाम है — सीताराम! 2026 में Suneel Lodhi की भावपूर्ण आवाज़ और Pankaj VRK Production ने मिलकर एक ऐसा राम भजन दिया है जो सीधे दिल की गहराइयों में उतर जाता है। "सीताराम गाइये" — यह भजन सिर्फ एक गीत नहीं, बल्कि जीवन का एक सच्चा मार्गदर्शन है। जब भी दुख का साया छाए, जब कुछ भी समझ न आए — बस सीताराम का नाम जपते रहिए।
🙏 जय श्री राम! सीताराम! 🚩
🎵 SONG DETAILS

Singer — Suneel Lodhi
Composer & Lyrics — Pankaj VRK
Music — RMaharaaj (Rajat Yagniik)
Production — Pankaj VRK Production

सीताराम गाइये — Lyrics in Hindi

॥ मुखड़ा ॥

जब दुख का साया छाये, सीताराम गाइये
जब कुछ भी समझ ना आए, सीताराम गाइये
जब दुख का साया छाये, सीताराम गाइये
जब कुछ भी समझ ना आए, सीताराम गाइये

सीताराम गाइये, सीताराम गाइये
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये

ओ जब मन भारी हो जाये, सीताराम गाइये
जब मन भारी हो जाये, सीताराम गाइये
Sitaram Gaiye Lyrics - Suneel Lodhi Pankaj VRK Ram Bhajan 2026
॥ अंतरा १ ॥

दो दिन का ये मेला है, फिर लौट के हमे जाना है
दो दिन का ये मेला है, फिर लौट के हमे जाना है
माया का ये जाल सारा, झूठा ताना बाना है
झूठा ताना बाना है

जब ये बात समझ आ जाये, सीताराम गाइये
जब ये बात समझ आ जाये, सीताराम गाइये

सीताराम गाइये, सीताराम गाइये
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये

हो जब मन भारी हो जाये, सीताराम गाइये
जब मन भारी हो जाये, सीताराम गाइये

॥ अंतरा २ ॥

ये अपना कहने वाले, अपने कहाँ होते हैं
ये अपना कहने वाले, अपने कहाँ होते हैं
मुश्किल में सबसे पहले, यही दूर होते हैं
ओ यही दूर होते हैं

जब ये अपने तुम्हे रुलाये, सीताराम गाइये
जब अपने तुम्हें रुलाये, सीताराम गाइये

सीताराम गाइये, सीताराम गाइये
सीताराम गाइये, सीताराम गाइये

हो जब मन भारी हो जाए, सीताराम गाइये
जब मन भारी हो जाए, सीताराम गाइये

जब कुछ भी समझ ना आए, सीताराम गाइये
जब कुछ भी समझ ना आए, सीताराम गाइये

Sitaram Gaiye — Lyrics in English (Roman)

॥ Mukhda ॥

Jab dukh ka saya chhaye, SitaRam gaiye
Jab kuch bhi samajh na aaye, SitaRam gaiye
Jab dukh ka saya chhaye, SitaRam gaiye
Jab kuch bhi samajh na aaye, SitaRam gaiye

SitaRam gaiye, SitaRam gaiye
SitaRam gaiye, SitaRam gaiye

O jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye
Jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye

॥ Antara 1 ॥

Do din ka ye mela hai, phir laut ke hume jaana hai
Do din ka ye mela hai, phir laut ke hume jaana hai
Maya ka ye jaal saara, jhootha tana bana hai
Jhootha tana bana hai

Jab ye baat samajh aa jaye, SitaRam gaiye
Jab ye baat samajh aa jaye, SitaRam gaiye

SitaRam gaiye, SitaRam gaiye
SitaRam gaiye, SitaRam gaiye

Ho jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye
Jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye

॥ Antara 2 ॥

Ye apna kehne wale, apne kahan hote hai
Ye apna kehne wale, apne kahan hote hai
Mushkil me sabse pehle, yehi door hote hai
O yehi door hote hai

Jab ye apne tumhe rulaye, SitaRam gaiye
Jab apne tumhe rulaye, SitaRam gaiye

SitaRam gaiye, SitaRam gaiye
SitaRam gaiye, SitaRam gaiye

Ho jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye
Jab mann bhaari ho jaye, SitaRam gaiye

Jab kuch bhi samajh na aaye, SitaRam gaiye
Jab kuch bhi samajh na aaye, SitaRam gaiye

भजन का अर्थ – Sitaram Gaiye Meaning

"दो दिन का ये मेला है, फिर लौट के हमे जाना है" — यह संसार एक मेले की तरह है — कुछ दिनों का खेल है। एक दिन सबको यहाँ से जाना है। जब यह सत्य समझ आ जाए तो राम नाम ही एकमात्र सहारा लगता है।

"माया का ये जाल सारा, झूठा ताना बाना है" — धन, शोहरत, रिश्ते — सब माया है। जो आज अपना लगता है, कल साथ नहीं होगा। इसलिए भक्त कहता है — इस झूठ से मुक्ति का रास्ता बस सीताराम का नाम है।

"ये अपना कहने वाले, अपने कहाँ होते हैं, मुश्किल में सबसे पहले, यही दूर होते हैं" — जीवन का सबसे बड़ा सच — मुसीबत में अपने ही दूर हो जाते हैं। तब भी एक नाम साथ रहता है — सीताराम!

Jab ye baat samajh aa jaye SitaRam gaiye HD Video


निष्कर्ष

Suneel Lodhi की सरल, दर्दभरी आवाज़ में "सीताराम गाइये" सुनकर आंखें नम हो जाती हैं — क्योंकि यह भजन हर उस इंसान की कहानी है जो कभी न कभी अकेला महसूस करता है। Pankaj VRK Production का यह 2026 का भजन याद दिलाता है कि जब सब साथ छोड़ दें, राम का नाम कभी साथ नहीं छोड़ता। इस भजन को अपने परिवार और प्रियजनों के साथ ज़रूर share करें। 🙏 जय श्री राम! सीताराम! 🚩